गंगनहर पुलिस ने किया दिन दहाड़े हुईं लूट का खुलासा, चार आरोपी गिरफ्तार, चोरी का समान बरामद

रुड़की । रामनगर स्थित यादवपुरी में दिन दहाड़े हुई लूट की घटना का गंगनहर पुलिस ने पर्दाफाश करते हुए चार बदमाशों को पकड़ने में बड़ी सफलता हासिल की। साथ ही बदमाशों से लूट का पूरा सामान भी बरामद किया। इस खुलासे के लिए पुलिस पर इनामों की झड़ी लग गयी। गंगनहर कोतवाली में लूट की घटना का खुलासा करते हुए एसएसपी हरिद्वार डी. सैंथिल अबुदई कृष्णराज एस. ने पत्रकारों को बताया कि 31 दिसम्बर की शाम करीब 6-7 बजे रामनगर के यादवपुरी निवासी श्रीमती वंदना मोहन पत्नी अनिल कुमार ने कोतवाली गंगनहर पर तहरीर देकर बताया कि उनके घर पर 4 अज्ञात अभियुक्तों द्वारा घर में घुसकर घरवालों को हथियार की नोक पर बंधक बनाकर घर में रखी तिजोरी, सोने के आभूषण व नगदी लूटकर फरार हो गए थे। इस संबंध में कोतवाली पुलिस ने धारा 342/392 में अज्ञात अभियुक्तों के खिलाफ मुकदमा पंजीकृत कर जांच शुरू कर दी थी। इस घटना के खुलासे को एसएसपी हरिद्वार द्वारा एसपी देहात के निर्देशन में सीआईयू व पुलिस की 5 संयुक्त टीम का गठन किया गया था। टीम सीसीटीवी फुटेज के माध्यम से आरोपियों तक पहुंची। चैकिंग के दौरान मुखबिर की सूचना पर रहीमपुर फाटक के पास से रईश अहमद पुत्र इस्लामुद्दीन निवासी ग्राम विशोखर थाना कोतवाली मोदीनगर जिला गाजियाबाद, अय्यूब पुत्र हाजी मुंशी निवासी गोला कुआं इस्लामाबाद थाना लिसाड़ी गेट मेरठ उत्तर प्रदेश, अजरुद्दीन उर्फ चुन्नू पुत्र मास्टर लईक निवासी कंचवालापुल अहमदनगर गली न 11 थाना लिसाड़ी गेट मेरठ उत्तर प्रदेश को एक मारुति इको कार न UP-14DV- 2554 के स्वामी/चालक अनीश अहमद पुत्र मोहम्मद उमर निवासी विशोखर थाना मोदीनगर जिला गाजियाबाद उत्तर प्रदेश को गिरफ्तार किया गया। गिरफ्तारी के दौरान अभियुक्तों का एक साथी सलीम सेफी उर्फ दीवाना निवासी लिसाड़ी गेट मेरठ फरार हो गया। पुलिस पूछताछ में उक्त अभियुक्तों ने रामनगर में यादवपुरी में लूट की घटना को अंजाम देना स्वीकार किया। साथ ही बताया कि वह कलियर में जियारत करने आये थे। जाते समय उन्होंने इस घटना को अंजाम दिया। उनकी निशानदेही पर पुलिस ने 6 सोने के सिक्के, 1 सोने की चेन, एक जोड़ी सोने के कंगन, एक लोहे की तिजोरी, 3 तमंचे 315 बोर, 4 जिंदा कारतूस 315 बोर व खतौली की घटना का एक मोबाइल फोन एंड्रॉयड, 2670 रुपए नगद, आधार कार्ड बरामद किया। अभियुक्तो ने यह भी बताया कि उन्होंने अलीगढ़ व बरेली में भी लूट की घटनाओं को अंजाम दिया है। सलीम, अजरूद्दीन व अय्यूब अपने को क्राइम ब्रांच का बताकर लूट की घटना करते थे। इस सम्बंध में मुजफ्फरनगर, अलीगढ़ व बरेली पुलिस को भी सूचित किया गया है। अभियुक्त रईश अहमद, अजरूद्दीन, अय्यूब के विरुद्ध अवैध शस्त्र रखने, हत्या, गैंगस्टर व लूट जैसे कई संगीन मामले कई थानों में दर्ज है। फरार अभियुक्त सलीम की गिरफ्तारी हेतु प्रयास किये जा रहे है। इस घटना में शामिल अभियुक्त रईश लिसाड़ी गेट थाने का हिस्ट्रीशीटर होने के साथ साथ आतंकवादी गतिविधियों में भी शामिल है, जो हाल ही में 20 साल की सजा काटकर आया है। अभियुक्त सलीम पर भी लूट, हत्या, गैंगस्टर के कई मामले दर्ज है। अभियुक्त अय्यूब 90 के दशक में पीएसी पर बम फेंकने की घटना में भी संलिप्त है। पुलिस टीम को महानिरीक्षक गढ़वाल ने 5 हजार व एसएसपी हरिद्वार ने 2500 रुपए का इनाम देने की घोषणा की। जबकि घटना के खुलासे को पीड़ित परिजनों ने भी टीम को 21000 हजार नगद इनाम देने की बात कही। पुलिस टीम में एसपी देहात स्वप्न किशोर सिंह, सीओ चंदन सिंह बिष्ट, कोतवाल राजेश साह, दरोगा नितेश शर्मा, दरोगा सीआईयू रविन्द्र कुमार, दरोगा प्रमोद कुमार, दरोगा विनोद गोला, दरोगा विनोद भट्ट, दरोगा विनय द्विवेदी, दरोगा नवीन पुरोहित, दरोगा यशवंत खत्री, एचसीपी देवेंद्र भारती, कांस्टेबल जाकिर, मुकेश जोशी, बृजपाल, कपिल, रणवीर, सुमित, राकेश प्रजापति, धीरज कुमार, चेतन सिंह, महिपाल तोमर, रविन्द्र खत्री, सुरेश रमोला, अशोक कुमार आदि शामिल रहे।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *