कृषि में आत्मनिर्भरता और पर्यावरण संरक्षण का आधार है प्राकृतिक खेती : देवी सिंह राणा
रुड़की। भाजपा किसान मोर्चा जनपद रुड़की द्वारा कृषि विज्ञान केंद्र, धनौरी में जैविक एवं प्राकृतिक कृषि कार्यशाला का आयोजन किया गया। कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के रूप में गन्ना राज्य मंत्री श्यामवीर सैनी उपस्थित रहे। भाजपा किसान मोर्चा के प्रदेश महामंत्री देवी सिंह राणा ने किसानों एवं कार्यकर्ताओं को प्राकृतिक और जैविक खेती के महत्व पर संबोधित किया।
भाजपा किसान मोर्चा के प्रदेश महामंत्री देवी सिंह राणा ने कहा कि प्राकृतिक एवं जैविक खेती केवल खेती की एक पद्धति नहीं, बल्कि स्वस्थ समाज, समृद्ध किसान और सुरक्षित पर्यावरण की मजबूत नींव है। उन्होंने किसानों से रासायनिक खेती पर निर्भरता कम कर प्राकृतिक संसाधनों के उपयोग को बढ़ावा देने का आह्वान किया। उन्होंने कहा कि जैविक खेती से उत्पादन की गुणवत्ता बढ़ती है, लागत कम होती है और किसानों की आय में भी वृद्धि होती है। साथ ही यह आने वाली पीढ़ियों के लिए पर्यावरण संरक्षण का प्रभावी माध्यम है।
कार्यक्रम में कृषि विज्ञान केंद्र, धनौरी के प्रभारी डॉ. पुरुषोत्तम कुमार ने जैविक कृषि की वैज्ञानिक पद्धतियों, प्राकृतिक खेती के लाभ और आधुनिक तकनीकों की विस्तृत जानकारी देते हुए किसानों को व्यवहारिक सुझाव दिए। इस अवसर पर प्रदेश मंत्री अरुण लोहान, किसान मोर्चा रुड़की जिलाध्यक्ष सुदेश चौधरी, किसान मोर्चा हरिद्वार जिलाध्यक्ष जसवीर बसेड़ा, कलियर के पूर्व प्रत्याशी मुनेश सैनी, प्राकृतिक खेती जिला संयोजक हरेंद्र मलिक, ओबीसी मोर्चा गढ़वाल संयोजक अनिल चौधरी, मन की बात जिला संयोजक बी.एल. अग्रवाल, मंडल अध्यक्ष गौरव मोहन सैनी, जिला उपाध्यक्ष अरविंद प्रधान, जिलामंत्री मकेश राणा, जिला महामंत्री शेखर पुंडीर, विपुल, कमल किशोर, प्रगतिशील कृषक त्रिवेश सैनी, अशोक चौधरी, महावीर, भागमल, सचिन सहित बड़ी संख्या में किसान, मातृशक्ति और भाजपा कार्यकर्ता उपस्थित रहे।


