“मानसिक स्वास्थ्य सप्ताह” के अवसर पर वेबिनार का आयोजन
रुड़की । कई बार ऐसा होता है जब हम किसी व्यक्ति की मनोदशा को समझ नहीं पाते। आते-जाते हम उनसे बात करते हैं, लेकिन इस बारे में हमें भनक तक नहीं होती कि वह किसी मानसिक बीमारी से जूझ रहे हैं। डिप्रेशन या फिर मानसिक परेशानी से पीड़ित लोगों की ओर मदद के लिए हाथ बढ़ाना चाहिए। इसी को ध्यान में रखते हुए केंद्रीय विद्यालय संगठन ने दिनांक 4 से 10 अक्टूबर 2021 तक मेंटल हेल्थ वीक मनाने का दिशानिर्देश दिया है। इसी कार्यक्रम के अंतर्गत केंद्रीय विद्यालय क्रमांक एक रूड़की में “खुद को समझते हुए अपना ख्याल रखना” विषय के ऊपर वेबिनार का आयोजन किया गया ।इसमें प्रमुख वक्ता के रूप में जानी-मानी मनोवैज्ञानिक डॉ श्रीमती मयुरिका दास बिस्वास शामिल हुई| सर्वप्रथम अतिथि का स्वागत करते हुए प्राचार्य वी के त्यागी ने कहा कि आजकल इस संदर्भ में दो समस्यायें आम हो गई हैं जो मुख्यतः छात्रों एवं युवा पीढी में बहुत अधिक देखने को मिल रही हैं। इन समस्याओं का नाम है, स्ट्रेस और एंग्जाइटी। अगर आपका मन पढाई मे नहीं लग रहा है, आप हर समय खुद को थका हुआ महसूस कर रहे हैं और दिमाग में हर समय कुछ ना कुछ विचार चलता रहता है तो जरूरी है कि आप अपनी मानसिक सेहत का ध्यान रखें। इस विषय पर विद्यार्थियों का ज्ञानवर्धन करते हुए सुप्रसिद्ध मनोवैज्ञानिक तथा यू ट्यूबर डॉ मयुरिका दास बिस्वास ने कहा कि इस विषय पर वेबिनार रखना एक बहुत ही साहसिक और प्रेरक निर्णय प्राचार्य वी के त्यागी ने लिया है | प्रमुख वक्ता मनोवैज्ञानिक डॉ श्रीमती मयुरिका दास बिस्वास ने बहुत रोचक और सुन्दर तरीके से बताया कि मानसिक स्वास्थ्य के लिए आपका सकारात्मक होना नितांत आवश्यक है। यदि एक बार आप अपनी नकारात्मक सोच से निकलकर सकारात्मकता की ओर चलेंगे तो पायेंगे कि हमारे अंदर कितना परिवर्तन आ रहा है। उन्होंने यह भी बताया कि नशे की आदत एक मानसिक तकलीफ है । एक बार इसमें जकड़ने के बाद इससे बाहर आना बहुत मुश्किल हो जाता है | साथ ही विद्यार्थियों को सोशल साइट्स तथा ऑनलाइन गेम्स भी आजकल नशे की लत की तरह लग गई है। अभिभावकों को चाहिए कि अपने बच्चों को समय दें तथा तथा उनकी इन्टरनेट सर्च हिस्ट्री को भी चेक करते रहें | विद्यार्थी पढाई को छोटे छोटे समय अन्तराल के साथ रोचक बनाएं तथा अपने आपको शारीरिक खेलकूद से ज्यादा जोड़ें ताकि वो व्यसनों से अपने आप को दूर रख सकें। इस वेबिनार में विद्यार्थियों तथा शिक्षकों ने इस विषय से सम्बंधित अपनी जिज्ञासा को सवालों के माध्यम से रखा जिसके जवाब बहुत ख़ूबसूरत तथा ज्ञानवर्धक तरीके से प्रमुख वक्ता डॉ श्रीमती मयुरिका दास बिस्वास ने दिया। अपने धन्यवाद् भाषण में उप प्राचार्या अंजू सिंह ने कहा कि हमेशा स्वस्थ रहे, सकारात्मक सोंचे, और यदि किसी प्रकार की कोई परेशानी है तो अपने मातापिता से जरूर साझा करें। संभव हो तो अपने शिक्षकों से भी मार्गदर्शन प्राप्त करें। कार्यक्रम का संचालन पूनम कुमारी ने किया तथा इसमें श्री कपिल देव का तकनीकी सहयोग सराहनीय रहा ।

