फेसबुक पर प्यार, मंदिर में शादी, उसके बाद प्रेमी पहुंचा जेल, दीवान के खिलाफ दुष्कर्म व अन्य धाराओं में मुकदमा दर्ज
नैनीताल । जिला एवं सत्र न्यायाधीश राजेंद्र जोशी की अदालत ने शादी का झांसा देकर दुष्कर्म के आरोपित दीवान सिंह मेवाड़ी की जमानत अर्जी खारिज कर दी। जमानत का विरोध करते हुए डीजीसी फौजदारी सुशील कुमार शर्मा ने तर्क रखा कि इसी साल 13 अक्टूबर को हल्द्वानी निवासी पीड़िता ने रिपोर्ट दर्ज कराई। बताया कि एक वर्ष पूर्व मेरी दोस्ती फेसबुक के माध्यम से दीवान सिंह निवासी काठबांस चोरगलिया नैनीताल से हुई थी। दीवान सिंह ने बोला कि तुझसे शादी करूंगा। शादी की बात बोलकर दीवान सिंह ने दो बार शारीरिक संबंध बताये। पहली बार दिसम्बर 2020 में सूर्य मंदिर के पास जंगल में जबकि दूसरी बार फरवरी 2021 में जंगल में। दीवान ने शादी का झांसा देकर शारीरिक शोषण किया, अब शादी करने से मना कर रहा है।पीड़िता ने पुलिस जांच के दौरान भी बयान दिया कि दीवान से फेसबुक के माध्यम से संपर्क हुआ, फिर हल्द्वानी एमबीपीजी कालेज के पास मिलने आया था। उसके बाद दीवान सिंह ने कहा कि सूर्य मंदिर घूमने चलते हैं, मैं इसके साथ घूमने गयी। रास्ते मे दीवान सिंह ने मोमो व कोल्ड ड्रिंक भी खरीदी। मंदिर के दर्शन करते समय दीवान ने कहा कि मैं तुमसे शादी करना चाहता हूँ और मांग में सिंदूर भर दिया। इसके बाद संबंध बनाने का दबाव डाला मेरे विरोध करने पर उसने कहा कि तेरी मांग में सिंदूर भर दिया है, अपनी पत्नी मान लिया है। मैंने उसकी बात मान ली। उसके बाद वह मुझे अपने घर ले गया और कहने लगा कि शादी के बाद यही रहेंगे, फिर में घर चली गयी। फरवरी 2021 दीवान सिंह हैड़ाखान के जंगल ले गया, वहां शारीरिक संबंध बनाए।शादी की बात करने पर जल्दी शादी कर लूंगा कहा और मुझे हल्द्वानी छोड़ चला गया। जून की बात है, दीवान ने कहा कि मैं शादी नहीं करूंगा। पुलिस ने इस मामले में दीवान के खिलाफ दुष्कर्म व अन्य धाराओं में मुकदमा दर्ज कर गिरफ्तार कर लिया और कोर्ट में पेशी के बाद जेल भेज दिया।



