भाजपा जनजाति समाज की सच्ची हितैषी: अकड़ू माईड़ा, कार्यसमिति बैठक का उद्घाटन प्रदेश महामंत्री ने किया
देहरादून । कार्यसमिति बैठक का उद्घाटन प्रदेश महामंत्री (संगठन) अजेय ने किया। द्वितीय सत्र के मुख्य अतिथि अकड़ू माईड़ा रहे। भाजपा के अनुसूचित जनजाति मोर्चा की प्रदेश कार्यसमिति देहरादून जनपद के विकासनगर होटल में भाजपा जनजाति मोर्चा के राष्ट्रीय कार्यकारिणी के सदस्य व कार्यसमिति के मुख्य अतिथि अकड़ू माईड़ा ने पूरे प्रदेश के सभी जिलों से आए मोर्चा के पदाधिकारियों को संबोधित करते हुए कहा कि भाजपा सरकार में विकास की कोई कमी नहीं रही। कांग्रेस की सरकार में जनजाति समाज का सुदूरवर्ती गांवों में रहने वाले लोग मूलभूत जैसे बिजली पानी सड़क व शिक्षा जैसी आवश्यकताओं से दशकों तक वंचित रहे। केंद्र में मोदी व राज्य में भाजपा सरकार आने के बाद उनकी पहुंच आसानी से हुई है। छोटे-छोटे उद्यमों के माध्यमों व सरकार की योजनाओं से जनजाति समाज को मुख्य धारा में लाने का प्रमुख प्रयास किया गया। मोदी सरकार ने जिस प्रकार 15 नवंबर को जनजाति गौरव दिवस को मनाने का जो निर्णय लिया है वह हमारे महापुरुषों को सच्ची श्रद्धांजलि है। आगामी चुनाव में हमें अपनी अपनी रचनात्मक भूमिका निभानी होगी। हमारी रचना से 2022 चुनाव की ऐतिहासिक विजय की गाथा लिखी जाएगी। डबल इंजन की सरकार ने सुदूरवर्ती क्षेत्रों में रह रहे जनजातिय समाज को विकास से सिंचित किया है।
महामंत्री (संगठन) अजेय ने संबोधित करते हुए कहा कि सबसे पहले अटल बिहारी वाजपेयी ने अनुसूचित जनजाति मंत्रालय का गठन किया था इसके पहले कि सरकार चलाने वाले अनुसूचित जनजाति के लिए नारा तो लगाया करती थी लेकिन उन्होंने कभी भी धरातल पर उनके कल्याण के लिए कार्य नही किये। हम सब का सौभाग्य था कि ऐसा प्रधानमंत्री बना है जिसका जीवन गांव, गलियारों और जंगलों में बीता है। पीएम मोदी के लेकर उन्होंने कहा कि उन्होंने गरीबों, आदिवासियों के साथ जीवन बिताया इसलिए उन्होंने आदिवासियों के लिए कई ऐतिहासिक जनकल्याणकारी कार्य किए हैं।
भाजपा जनजाति मोर्चा के प्रदेश अध्यक्ष राकेश राणा ने जौनसार बावर के आराध्य देवता महासू देवता का स्मरण करते हुए कार्यसमिति में कहा कि जनजाति मोर्चा को केवल अनौपचारिक नहीं बल्कि सक्रिय मोर्चा के रूप में समाज के भीतर कार्य करने की जरूरत है। चुनाव में सक्रिय भूमिका निभाने के लिए मोर्चा को अभी से तैयार रहने की जरूरत है। उन्होंने कहा कि बहुत कम दिन चुनाव के रह गए हैं। ऐसे में मोर्चा को संगठन के अनेक कार्यक्रमों को मजबूती देनी है। उन्होंने मोर्चा के कार्यकर्ताओं की सक्रिय भागीदारी पर जोर देते हुए कहा कि उत्तराखंड की 27 विधानसभा में जनजाति समाज का बहुत बड़ा वर्ग निवास करता है उनके बीच हमारी पहुंच होनी चाहिए। उन्होंने कहा पूरे विश्व में फैली करोना जैसी महामारी जब देश के सुदूरवर्ती क्षेत्रों में आई तो हमारे जनजाति मोर्चा का कार्यकर्ता सक्रिय होकर रक्तदान, मास्क वितरण व अन्न वितरण जैसे कार्यों में जुटे थे। जबकि अन्य दल उस समय कहां विलुप्त हो गए वह आज तक जनता के बीच में चर्चा का विषय बना हुआ है। हमारी कार्यकारिणी 6 जिलों में बनी हुई है और प्रत्येक जिले का कार्यकर्ता निरंतर समाज के हितों की प्राथमिकता को लेते हुए कार्य कर रहा है। नीती माणा जैसे सुदूरवर्ती क्षेत्रों में जब स्वास्थ्य की समस्या उत्पन्न हुई तब हमारे कार्यकर्ता स्वास्थ्य कर्मियों के सहयोग में निरंतर लगे रहे।
इस अवसर पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का महीने के आखिरी रविवार को होने वाला मन की बात का कार्यक्रम सभी ने सुना। पूरे कार्यक्रम की अध्यक्षता जनजाति मोर्चा के प्रदेश अध्यक्ष राकेश राणा द्वारा की गई। कार्यक्रम का संचालन प्रथम सत्र में प्रदेश महामंत्री अनुसूचित जनजाति मोर्चा राजेश राणा वह द्वितीय सत्र में प्रदेश महामंत्री अनुसूचित जनजाति मोर्चा राजवीर सिंह राठौर ने किया। इस अवसर पर जनजाति मोर्चा की राष्ट्रीय कार्यकारिणी के सदस्य कमला चौहान, भाजपा प्रदेश मंत्री व अनुसूचित जनजाति मोर्चा के प्रदेश प्रभारी पुष्कर काला, जिला महामंत्री अरुण मित्तल, जनजाति आयोग के अध्यक्ष मूरत राम शर्मा, पूर्व दर्जाधारी मंत्री प्रताप रावत, जनजाति मोर्चा के जिला अध्यक्ष रमेश चौहान, कालसी ब्लॉक के प्रमुख मोटर सिंह, कालसी ब्लॉक के कनिष्ठ प्रमुख रितेश, मोर्चा के सभी पदाधिकारी, जिले के सभी पदाधिकारी, जिला पंचायत सदस्य मंडल अध्यक्ष, मंडल महामंत्री व विशिष्ट जन उपस्थित रहे।



