दो बच्चों को जिंदा जलाकर महिला ने फांसी लगाकर जान दी, गृह कलह से थी परेशान, घटना के समय परिवार के लोग तेरहवीं का सामान खरीदने के लिए गए थे
चिरगांव/झांसी। रविवार की शाम चिरगांव थाना क्षेत्र के गांव नंदसिया में गृह कलह से परेशान एक महिला ने अपने दो मासूम बच्चों की जलाकर हत्या करने के बाद फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली। घटना के समय महिला की सास खेत पर थी और परिवार के लोग तेरहवीं का सामान खरीदने के लिए गए थे। महिला के मायके वालों ने ससुराल वालों पर हत्या का आरोप लगाया है।
गांव में रहने वाले महेंद्र के पुत्र अनिल राजपूत की शादी छपार गांव में रहने वाली अनीता (26) से हुई थी। अनीता के दो बच्चे ढाई वर्षीय अर्पित एवं 9 वर्षीय पुत्री मनु थी। पिछले दिनों अनिल के दादा रामस्वरूप की मौत हो गई थी। दो दिन बाद उनकी तेरहवीं थी। घर में गम का माहौल था। रविवार को तेरहवीं का सामान खरीदने के लिए परिवार के लोग करगुवां गए हुए थे। अनीता की सास गायत्री खेत पर गई थी। घर पर अनीता और बच्चे ही थे। पुलिस का कहना है कि शाम के लगभग चार बजे अनीता ने अपने दोनों बच्चों की जलाकर हत्या कर दी। इसके बाद खुद फांसी लगाकर जान दे दी। आग लगने से घर से उठे धुआं को देखकर गांव के लोग इकट्ठा हो गए। उन्होंने दरवाजा खुलवाने के लिए कुंडी बजाई, लेकिन कोई आवाज नहीं आई। इसके बाद आसपास रहने वाले सीढ़ी से छत के रास्ते घर में पहुंचे। आंगन में लगाए गए जाल से अनीता फांसी पर लटक रही थी। यह देख हड़कंप मच गया। घर के लोगों व पुलिस को सूचना दी गई। परिजनों के अलावा मौके पर पुलिस भी पहुंची। घर के अंदर एक कमरे में दोनों बच्चे जले पड़े थे। पलंग भी पूरी तरह जल गया था। पलंग पर लकड़ी, कंडे और कपड़ा रखकर आग लगाई गई थी। पुलिस ने पूछताछ की। बताया गया कि अनीता की अपनी सास से नहीं बनती थी। घटना से गांव में शोक है। सूचना पर पहुंचे अनीता के मायके वालों ने आरोप लगाया है कि अनीता को मारा गया है। इस मामले में वे मुकदमा दर्ज कराएंगे।