पूर्व राज्यपाल के रिश्तेदारों की गाड़ी फाइनेंसरों ने पकड़ी, फाइनेंस का बकाया होने से यार्ड में ले गए कार, पूर्व गवर्नर के संज्ञान में आने के बाद देहरादून से हरिद्वार फोन घनघनाने शुरू
हरिद्वार । प्रदेश के एक पूर्व राज्यपाल के रिश्तेदारों की गाड़ी को फाइनेंस कंपनी की टीम ने पकड़ लिया। फाइनेंस का बकाया होने की बात कहते हुए गाड़ी को अपने यार्ड में ले गए। मामला पूर्व राज्यपाल तक पहुंचा। इसके बाद राजधानी से फोन बजने शुरू हुए तो ज्वालापुर पुलिस हरकत में आ गई। पुलिस ने फाइनेंस कंपनी के लोगों को कोतवाली बुलवाया। जिसके बाद दोनों पक्षों ने आमने-सामने बैठकर बात की। कंपनी के लोगों ने बाद में माफी मांगते हुए गाड़ी वापस कर दी। मामला बुधवार सुबह का है, जब ज्वालापुर कोतवाली क्षेत्र में उत्तराखंड के एक पूर्व राज्यपाल के रिश्तेदारों की गाड़ी को फाइनेंसरों ने पकड़ लिया। ये परिवार उत्तर प्रदेश से गंगा स्नान करने के लिए हरिद्वार आया था। गाड़ी को पकड़ने के बाद जब परिवार के लोगों ने छोड़ने के लिए कहा तो उनके साथ फाइनेंस टीम के लोगों ने अभद्रता कर दी। आरोप है कि गाड़ी को खींचकर अपने यार्ड में ले गए। इसके बाद मामले की जानकारी पूर्व राज्यपाल को दी गई। जिसके तुरंत बाद देहरादून से हरिद्वार फोन घनघनाने शुरू हो गए। ये देख पुलिस तुरंत एक्शन में आई और फाइनेंसरों को कोतवाली बुलवाया। जिसके बाद दोनों पक्षों ने बैठकर बातचीत की। परिवार ने किस्त जमा करने की बात कही, और गाड़ी को पकड़ने पर कड़ी नाराजगी जताई। पुलिस के सामने फाइनेंस कंपनी के लोग परिवार से माफी मांगते हुए गाड़ी उन्हें सौंपकर चले गए। उधर, ज्वालापुर कोतवाली प्रभारी सीसी नैथानी ने बताया कि दोनों पक्षों में समझौता हो गया। परिवार अपनी गाड़ी लेकर लौट गया है।

