उत्तराखंड के 12 जिलों में होने वाले त्रिस्तरीय पंचायत चुनाव के पहले चरण का मतदान आज, करेंगे 26 लाख से अधिक मतदाता 17,829 प्रत्याशियों के भाग्य का फैसला

देहरादून । उत्तराखंड के 12 जिलों में होने वाले त्रिस्तरीय पंचायत चुनाव के पहले चरण का मतदान आज होगा। 26 लाख से अधिक मतदाता 17,829 प्रत्याशियों के भाग्य को फैसला करेंगे। राज्य निर्वाचन आयुक्त सुशील कुमार ने बताया कि सभी पोलिंग पार्टियां बुधवार की देर शाम तक गंतव्य पर पहुंच गईं।

गढ़वाल मंडल के छह जिलों के 26 और कुमाऊं मंडल के छह जिलों के 23 विकासखंडों में पहले चरण का मतदान होगा। 5823 पोलिंग बूथ पर 26 लाख से अधिक मतदाता अपने मताधिकार का प्रयोग करेंगे। चुनाव के लिए बुधवार को 5318 पोलिंग पार्टियों को रवाना कर दिया गया है।

आधार कार्ड, भारत निर्वाचन आयोग द्वारा जारी निर्वाचक फोटो पहचान पत्र (ईपीसी कार्ड), पासपोर्ट, ड्राइविंग लाइसेंस, पैन कार्ड, राज्य, केंद्र सरकार, सार्वजनिक क्षेत्र के उपक्रम, स्थानीय निकाय या अन्य निजी औद्योगिक घरानों द्वारा उनके कर्मचारियों को जारी किए जाने वाले सेवा पहचान पत्र, बैंक या डाकघर की पासबुक, राशन कार्ड, भूमि-भवन रजिस्ट्रीकृत दास्तावेज, भवन कर बिल, छात्र पहचान पत्र, लाइब्रेरी कार्ड, समक्ष अधिकारी की ओर से जारी अनुसूचित जाति, अनुसूचित जनजाति, अन्य पिछड़ा वर्ग प्रमाणपत्र, शस्त्र लाइसेंस, पेंशन दस्तावेज, पेंशन अदायगी दस्तावेज, भूतपूर्व सैनिक विधवा, आश्रित प्रमाणपत्र, रेलवे या बस पास, दिव्यांग प्रमाणपत्र, स्वतंत्रता सेनानी पहचानपत्र, टेलीफोन बिल, पानी या बिजली का बिल, दुकान पंजीकरण पत्र, गैस कनेक्शन किताब, अन्नपूर्णा योजना कार्ड, परिवहन प्राधिकारियों की ओर से जारी संवाहक लाइसेंस, परिवार रजिस्ट्रर के यथा सत्यापित उद्वरण, निवास प्रमाणपत्र, राज्य पुलिस की ओर से बस्तियों में जारी पहचानपत्र एवं विधानसभा की भांति लेखपाल, संबंधित ग्राम में तैनात अध्यापक को निर्वाचक की पहचान हेतु आयोग की ओर से अधिकृत किया जाता है।

अल्मोड़ा के ताकुला, धौलादेवी, ताड़ीखेत, भैंसियाछाना, लमगड़ा और चौखुटिया। ऊधमसिंह नगर के खटीमा, सितारगंज, गदरपुर व बाजपुर। चंपावत के लोहाघाट एवं पाटी। पिथौरागढ़ के धारचूला, डीडीहाट, मुनस्यारी और कनालीछीना। नैनीताल के बेतालघाट, ओखलकांडा, रामगढ़ और धारी। बागेश्वर के बागेश्वर, गरुड़ और कपकोट। उत्तरकाशी के मोरी, पुरोला व नौगांव। चमोली के देवाल, थराली, ज्योतिर्मठ व नारायणबगड़। टिहरी गढ़वाल के जौनपुर, प्रतापनगर, जाखणीधार, थौलधार व भिलंगना। देहरादून के चकराता, कालसी व विकासनगर। पौड़ी गढ़वाल के खिर्सू, पाबौ, थलीसैंण, नैनीडांडा, बीरोंखाल, रिखणीखाल, एकेश्वर व पोखड़ा और रुद्रप्रयाग के ऊखीमठ, जखोली व अगस्त्यमुनि।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *