अंकिता हत्याकांड में मिला सबसे बड़ा सबूत, जहां मर्डर हुआ वहां से मिला फोन
हरिद्वार । अंकिता मर्डर केस में एक बड़ा खुलासा सामने आया है। जिस जगह पर अंकिता की चीला बैराज में फेंककर हत्या हुई थी वहां से एक मोबाइल फोन मिला है। अभी माना जा रहा है कि ये फोन अंकिता का हो सकता है। लेकिन अभी पुष्टि नहीं हो पाई है। अगर ये फोन अंकिता का हुआ तो मुख्य आरोपी पुलकित आर्य और दूसरे आरोपियों के खिलाफ हत्या को लेकर इससे अहम सबूत मिल सकता है। अब जल्द ही रिमांड पर आए तीनों आरोपियों को लेकर एसआईटी चीला बैराज भी आ सकती है। इससे पहले, 29 सितंबर को अंकिता मर्डर केस की जांच कर रही एसआईटी ने तीनों आरोपियों को रिमांड पर लिया था। तीनों आरोपियों की 3 दिनों रिमांड मिली थी। अंकिता मर्डर केस में कैसे घटना हुई और कैसे उसे अंजाम दिया गया। इस केस में पुलिस सूत्रों से बड़ी जानकारी मिली है। इसमें पता चला है कि 18 सितंबर को अंकिता, पुलकित, सौरभ और अंकित एक साथ रिजॉर्ट से तकरीबन 8 बजे निकले थे। इसके बाद रात 8:30 बजे चिल्ला बैराज से चारों ने बैराज का बैरियर पार किया था। 9 बजे बैराज से वापस सिर्फ तीन लोग लौटते हुए बैरियर पर दिखाई दिए। इस दौरान ये भी पता चला है कि अंकिता का मर्डर 9 बजे से 9:30 बजे के बीच हुआ था। जिसे 18 सितंबर को ही अंजाम दिया गया। पुलिस को मोबाइल फोन की लोकेशन से भी कई अहम जानकारी मिली है। ये पता चला है कि अंकिता की लास्ट लोकेशन घटनास्थल पर ही थी। वहीं, पुलकित भी साथ में था। जांच में ये भी पता चला है की 14-15 सितंबर को अंकिता का दोस्त पुष्प रिजॉर्ट पर ही रुका था। 16 सितंबर को वो वापस जम्मू लौटा था। उसी के बाद 18 सितंबर की रात को ये घटना हुई थी।