प्रेगनेंसी के दौरान खजूर के खाने के है अनगिनत फायदे, खजूर हड्डियों, आंखों की मांसपेशियों, दांतों को मजबूत बनाता है, फॉलिक एसिड बच्चे का बेहतर विकास करता है
गर्भावस्था के दौरान महिलाओं के शरीर में खून की पर्याप्त मात्रा के लिए उन्हें आयरन की गोलियां खिलाई जाती हैं. लेकिन इन गोलियों से महिलाओं को कब्ज, मितली, उल्टी जैसी परेशानियां हो जाती हैं। ऐसे में यदि खजूर का सेवन किया जाए तो ये न सिर्फ महिलाओं के शरीर में खून बढ़ाने में मददगार होगा, बल्कि कई तरह की समस्याओं को भी दूर करेगा।
- खजूर को गर्भावस्था में सुरक्षित माना जाता है। इसमें मौजूद फ्रुक्टोज शरीर को इंस्टेंट एनर्जी देने का काम करता है और लैक्सेटिव प्रसव पीड़ा को कम करता है। इस वजह से ज्यादातर महिलाएं इसे प्रेगनेंसी के बाद के महीनों में खाती हैं।
- खजूर हड्डियों, आंखों की मांसपेशियों, दांतों को मजबूत बनाता है. फॉलिक एसिड बच्चे का बेहतर विकास करता है।
- खजूर में फोलिक एसिड पाया जाता है. गर्भावस्था के दौरान इसे खाने से शिशुओं में होने वाले मस्तिष्क और रीढ़ की हड्डी के जन्म दोष को रोकने में मदद मिलती है।
- खजूर में फाइबर भरपूर मात्रा में पाया जाता है। इस कारण ये पेट संबन्धी परेशानियों में काफी कारगर है। ये कब्ज की परेशानी को दूर करता है। इसे खाने से काफी देर तक पेट भरा हुआ महसूस होता है, जो अनावश्यक रूप से खाना खाने से रोकता है और वजन को नियंत्रित रखता है।
- खजूर शरीर में खराब कोलेस्ट्रॉल के स्तर को भी कम करता है। इसमें मौजूद पोटैशियम शरीर के नमक का संतुलन और रक्तचाप को नियंत्रित रखने में मदद करता है।
- खजूर में मैग्नीशियम पाया जाता है जो बच्चे की हड्डियां और दांतों के निर्माण में मददगार होता है।
- गर्भावस्था के तीसरे व चौथे महीने में गर्भवती महिला को कैल्शियम की अधिक मात्रा की जरूरत होती है। कैल्शियम भ्रूण की हड्डियों के विकास में भी खास भूमिका निभाता है। ऐसे में खजूर के सेवन से शरीर में कैल्शियम की पूर्ति की जा सकती है।